





भटनेर पोस्ट ब्यूरो
हनुमानगढ़ जिला मुख्याालय स्थित हाउसिंग बोर्ड कॉलोनी में हाल ही में हुई बारिश के बाद उत्पन्न गंभीर जलभराव की समस्या को लेकर क्षेत्रवासियों का आक्रोश खुलकर सामने आया है। लगातार जल निकासी व्यवस्था की अनदेखी से परेशान कॉलोनी के निवासियों ने वरिष्ठ नागरिक समाज सेवा समिति, हनुमानगढ़ जंक्शन के बैनर तले जिला कलक्टर एवं नगरपरिषद प्रशासक को ज्ञापन सौंपकर स्थायी समाधान की मांग की। ज्ञापन निवर्तमान सभापति सुमित रणवां और हाउसिंग बोर्ड वार्ड के पूर्व पार्षद सौरभ शर्मा के नेतृत्व में सौंपा गया।
ज्ञापन में क्षेत्रवासियों ने बताया कि तेज बारिश ने हाउसिंग बोर्ड कॉलोनी की व्यवस्थाओं की पोल खोलकर रख दी। जल निकासी की समुचित व्यवस्था नहीं होने के कारण बारिश का पानी तेजी से कॉलोनी में भर गया और कई स्थानों पर करीब तीन फीट तक पानी लोगों के घरों में घुस गया। इससे सैकड़ों परिवारों को भारी आर्थिक नुकसान झेलना पड़ा। लोगों का कहना है कि वर्षों से जलभराव की समस्या बनी हुई है, लेकिन इसके स्थायी समाधान की दिशा में अब तक कोई प्रभावी कदम नहीं उठाया गया।
निवर्तमान सभापति सुमित रणवां ने बताया कि जलभराव के कारण घरों में रखा फर्नीचर, घरेलू सामान, बिस्तर और अन्य आवश्यक वस्तुएं पूरी तरह भीग गईं। कई परिवारों के फ्रिज, कूलर, वॉशिंग मशीन और अन्य विद्युत उपकरण पानी में डूबने से खराब हो गए। अचानक आई इस स्थिति के कारण लोगों को अपने घरों से सामान सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने तक का पर्याप्त समय नहीं मिल सका। अनेक परिवारों को रातभर जागकर हालात से जूझना पड़ा।

हाउसिंग बोर्ड वार्ड के पूर्व पार्षद सौरभ शर्मा ने बताया कि बारिश के दौरान सीवरेज व्यवस्था पूरी तरह चरमरा गई। कई स्थानों पर सीवरेज लाइनें ब्लॉक होने से पानी की निकासी रुक गई, जिससे स्थिति और अधिक गंभीर हो गई। उन्होंने बताया कि कॉलोनी के लगभग 500 घर जलभराव से प्रभावित हुए। कई परिवारों को रात करीब दो बजे तक घरों से पानी निकालने के लिए लगातार मशक्कत करनी पड़ी। इस दौरान महिलाओं, बुजुर्गों और छोटे बच्चों को सबसे अधिक परेशानियों का सामना करना पड़ा। कई परिवारों का सामान्य जनजीवन पूरी तरह अस्त-व्यस्त हो गया और लोगों को भोजन, बिजली तथा दैनिक जरूरतों से जुड़ी अनेक कठिनाइयों का सामना करना पड़ा।
ज्ञापन के माध्यम से प्रशासन से मांग की गई कि हाउसिंग बोर्ड क्षेत्र में जल निकासी की स्थायी एवं वैज्ञानिक व्यवस्था विकसित की जाए, ताकि भविष्य में बारिश के दौरान ऐसी स्थिति दोबारा उत्पन्न न हो। साथ ही सीवरेज लाइनों की तत्काल सफाई कराकर जल निकासी व्यवस्था को सुचारु बनाया जाए। क्षेत्रवासियों ने यह भी मांग की कि पूरे इलाके का तकनीकी सर्वे कराकर ऐसी कार्ययोजना तैयार की जाए, जिससे बरसात के समय पानी का तेजी से निकास सुनिश्चित हो सके।

प्रतिनिधिमंडल ने प्रशासन से प्रभावित परिवारों को हुए नुकसान का सर्वे कराने तथा नुकसान का आकलन कर आवश्यक आर्थिक सहायता उपलब्ध कराने की भी मांग की। उनका कहना था कि कई परिवारों को हजारों रुपये का नुकसान हुआ है और सीमित आय वाले लोगों के लिए इस नुकसान की भरपाई करना आसान नहीं है।
ज्ञापन प्राप्त करने के बाद नगरपरिषद प्रशासक ने प्रतिनिधिमंडल को आश्वस्त किया कि हाउसिंग बोर्ड कॉलोनी में जलभराव की समस्या को प्रशासन गंभीरता से ले रहा है। उन्होंने कहा कि संबंधित विभागों को आवश्यक निर्देश जारी कर दिए गए हैं तथा राहत एवं सुधार कार्यों को प्राथमिकता के आधार पर आगे बढ़ाया जा रहा है। उन्होंने भरोसा दिलाया कि सीवरेज और जल निकासी व्यवस्था को दुरुस्त करने के लिए आवश्यक कदम उठाए जाएंगे और समस्या के स्थायी समाधान के लिए भी प्रभावी कार्ययोजना तैयार की जाएगी।
ज्ञापन सौंपने के दौरान पूर्व पार्षद बलराज सिंह दानेवालिया, पूर्व पार्षद महेश शर्मा, श्याम गिरधर, पवन शर्मा, मनोहर जोशी, विशाल सारस्वत सहित बड़ी संख्या में क्षेत्रवासी मौजूद रहे। सभी ने एक स्वर में प्रशासन से मांग की कि हाउसिंग बोर्ड कॉलोनी में वर्षों से चली आ रही जलभराव की समस्या का स्थायी समाधान किया जाए, ताकि हर बारिश के बाद लोगों को इस तरह की परेशानी और आर्थिक नुकसान का सामना न करना पड़े।






