




भटनेर पोस्ट ब्यूरो
इंडियन मेडिकल एसोसिएशन (आईएमए) राजस्थान का प्रदेश स्तरीय पदभार ग्रहण समारोह एसएमएस मेडिकल कॉलेज जयपुर के सभागार में गरिमामय वातावरण में संपन्न हुआ। कार्यक्रम में निवर्तमान प्रदेशाध्यक्ष डॉ. एमपी शर्मा ने नवनिर्वाचित प्रदेशाध्यक्ष डॉ. महेश शर्मा को विधिवत पदभार सौंपा। इस अवसर पर डॉ. एमपी शर्मा ने अपने कार्यकाल की समीक्षा करते हुए कहा कि उन्होंने अपने दायित्व को पूरी निष्ठा और ईमानदारी से निभाने का प्रयास किया। चिकित्सकों के हित, संगठन की मजबूती और जनस्वास्थ्य से जुड़े मुद्दों को प्राथमिकता दी गई। उन्होंने विश्वास जताया कि नया नेतृत्व संगठन को और अधिक सशक्त दिशा में आगे बढ़ाएगा।
डॉ. शर्मा ने कहा कि आईएमए केवल चिकित्सकों का संगठन नहीं, बल्कि समाज के प्रति उत्तरदायित्व निभाने वाला एक सशक्त मंच है, जिसने कठिन परिस्थितियों में भी सेवा की मिसाल कायम की है।
नवनियुक्त प्रदेशाध्यक्ष डॉ. महेश शर्मा ने पदभार ग्रहण करते हुए कहा कि वे संगठन की परंपराओं को आगे बढ़ाते हुए चिकित्सकों की समस्याओं के समाधान और चिकित्सा सेवा की गुणवत्ता सुधारने के लिए सतत प्रयास करेंगे। उन्होंने कहा कि ग्रामीण और शहरी दोनों क्षेत्रों में चिकित्सा सेवाओं को सुदृढ़ करना, युवा चिकित्सकों को मार्गदर्शन देना और जनस्वास्थ्य के प्रति जागरूकता बढ़ाना उनकी प्राथमिकताओं में रहेगा। उन्होंने निवर्तमान अध्यक्ष डॉ. एमपी शर्मा के कार्यों की सराहना करते हुए कहा कि उनके अनुभव और मार्गदर्शन से संगठन को निरंतर लाभ मिलता रहेगा।
समारोह में आईएमए अवार्ड का भी आयोजन किया गया, जिसमें चिकित्सा सेवा के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान देने वाले चिकित्सकों को सम्मानित किया गया। हनुमानगढ़ के डॉ. भूपेंद्र नारंग, डॉ. जितेंद्र अग्रवाल एवं डॉ. सविता सोनी को उनके उत्कृष्ट कार्यों के लिए सम्मान प्रदान किया गया।
मुख्य अतिथि राजस्थान सरकार के कैबिनेट मंत्री डॉ. किरोड़ीलाल मीणा ने सम्मान प्रदान करते हुए कहा कि चिकित्सक समाज के सच्चे प्रहरी हैं, जो बिना भेदभाव के मानव सेवा में जुटे रहते हैं। उन्होंने कहा कि आईएमए जैसे संगठन चिकित्सा जगत को दिशा देने के साथ-साथ सामाजिक सरोकारों को भी मजबूती प्रदान करते हैं।
कार्यक्रम के दौरान वक्ताओं ने चिकित्सा पेशे की गरिमा, नैतिक मूल्यों और संगठनात्मक एकता पर बल दिया। यह भी कहा गया कि बदलते समय में चिकित्सा क्षेत्र को नई चुनौतियों का सामना करना पड़ रहा है, जिनसे सामूहिक प्रयासों से ही निपटा जा सकता है। समारोह में प्रदेशभर से आए चिकित्सकों की उपस्थिति ने आयोजन को यादगार बना दिया। अंत में संगठन की एकता और सेवा भावना को आगे बढ़ाने का संकल्प लिया गया।








