




भटनेर पोस्ट डेस्क
सरस्वती स्कूल का परिसर सेवा, सहयोग और सामाजिक सरोकारों की जीवंत तस्वीर बन गया था। तपती दोपहर, झुलसाती लू और प्यास से बेहाल मौसम के बीच जब ठंडे पानी की धार बहती है और परिंदों के लिए सजे पानी के पात्र चमकते हैं, तब समझ आता है कि सेवा केवल शब्द नहीं, कर्म है। राजस्थान राज्य भारत स्काउट गाइड के तत्वावधान में आयोजित कौशल विकास एवं अभिरुचि प्रशिक्षण शिविर में सशक्त नारी संथान ने यही संदेश दिया। बच्चों की चहचहाहट, प्रशिक्षकों की मुस्कान और पक्षियों के लिए लगाए गए परिंडों के आसपास मंडराती फड़फड़ाहट सब मिलकर ऐसा दृश्य रच रहे थे, जहां अनुशासन के साथ करुणा और प्रशिक्षण के साथ प्रकृति से जुड़ाव साफ दिखाई दे रहा था। यह शिविर न केवल बच्चों के व्यक्तित्व निर्माण का माध्यम बना, बल्कि समाज को यह भी याद दिला गया कि छोटी-छोटी पहलें ही बड़े बदलाव की नींव रखती हैं।

सशक्त नारी संस्थान की ओर से भीषण गर्मी को देखते हुए शिविर में बच्चों, प्रशिक्षकों एवं उपस्थित सदस्यों की सुविधा हेतु 5 वाटर कैम्पर उपलब्ध करवाए गए। साथ ही बच्चों के लिए खाद्य एवं पेय सामग्री की व्यवस्था भी की गई, जिससे शिविर में उपस्थित सभी प्रतिभागियों को राहत एवं सुविधा मिल सकी। संस्था द्वारा पर्यावरण संरक्षण एवं पक्षियों के प्रति संवेदनशीलता का संदेश देते हुए 20 परिंडे भी लगाए गए। इस दौरान बच्चों एवं उपस्थित सदस्यों को पक्षियों के संरक्षण एवं जल सेवा का महत्व समझाया गया। शिविर में मौजूद बच्चों ने परिंदों की नियमित साफ-सफाई कर उनमें प्रतिदिन पानी भरने का संकल्प लिया। इस पहल की सभी उपस्थितजनों ने सराहना करते हुए इसे समाज के लिए प्रेरणादायक बताया।

संस्था की संस्थापक अध्यक्ष एडवोकेट मिताली अग्रवाल ने कहा कि स्काउट गाइड शिविर बच्चों में अनुशासन, नेतृत्व क्षमता, आत्मविश्वास एवं सेवा भावना विकसित करने का एक सशक्त माध्यम है। आज के समय में बच्चों को केवल शिक्षा ही नहीं बल्कि सामाजिक जिम्मेदारियों एवं पर्यावरण संरक्षण के प्रति भी जागरूक करना अत्यंत आवश्यक है। संस्था सदैव समाज सेवा, महिला सशक्तिकरण, शिक्षा एवं पर्यावरण संरक्षण से जुड़े कार्यों में सक्रिय रूप से अपनी भागीदारी निभाती रहेगी।

इस अवसर पर नीतू कात्याल ने संस्था द्वारा किए गए कार्यों की सराहना करते हुए कहा कि भीषण गर्मी में पक्षियों के लिए परिंडे लगाना एवं पानी की व्यवस्था करना अत्यंत पुण्य एवं प्रेरणादायक कार्य है। यदि समाज का प्रत्येक व्यक्ति छोटी-छोटी जिम्मेदारियाँ निभाए तो पर्यावरण संरक्षण एवं समाज सेवा के क्षेत्र में बड़ा परिवर्तन लाया जा सकता है।

कार्यक्रम के दौरान बच्चों में विशेष उत्साह देखने को मिला। स्काउट गाइड शिविर में बच्चों ने अनुशासन, टीम भावना एवं सेवा कार्यों में बढ़-चढ़कर भाग लिया। संस्था के सदस्यों ने भी बच्चों को सेवा, सहयोग एवं सामाजिक सहभागिता के महत्व के बारे में जागरूक किया।
कार्यक्रम को सफल बनाने में संस्था के सक्रिय सदस्यों शिवानी स्वामी, श्वेता बब्बर, सेहज बलाडिया व निशा मित्तल का विशेष सहयोग रहा। सभी सदस्यों ने शिविर में व्यवस्थाओं को सुचारु रूप से संचालित करते हुए सेवा कार्यों में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। संस्था द्वारा किए गए इन सामाजिक एवं पर्यावरण संरक्षण संबंधी कार्यों ने शिविर में उपस्थित बच्चों, अभिभावकों एवं आयोजकों के बीच सकारात्मक संदेश पहुंचाया तथा सेवा भावना, सामाजिक जिम्मेदारी एवं प्रकृति संरक्षण के प्रति जागरूकता बढ़ाने का कार्य किया।





