


भटनेर पोस्ट डेस्क
समाज की सबसे संवेदनशील घड़ी में मर्यादा और सुविधा का सहारा बनने वाली शिव कल्याण भूमि को अब एक सशक्त और सम्मानजनक पहचान मिलने जा रही है। नगर परिषद् के पास स्थित शिव कल्याण भूमि में संस्कार स्थल के प्रवेश द्वार का विधिवत शिलान्यास किया गया। इस अवसर पर सेवा, सहयोग और सामाजिक उत्तरदायित्व की भावना पूरे वातावरण में स्पष्ट रूप से महसूस की गई। नीलकंठ महादेव सेवा प्रन्यास के तत्वावधान में हुए इस आयोजन में पंडित धर्मेन्द्र तिवाड़ी के सान्निध्य में वैदिक मंत्रोच्चारण के साथ शिलान्यास संपन्न हुआ। प्रातः 10 बजे शुरू हुए कार्यक्रम में शहर के प्रबुद्धजन, सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधि और बड़ी संख्या में नागरिक उपस्थित रहे। पूरा परिसर श्रद्धा और सकारात्मक ऊर्जा से ओतप्रोत नजर आया।

इस निर्माण कार्य को साकार रूप देने में चांदवासिया और मदान परिवार का योगदान कार्यक्रम का केंद्र बिंदु रहा। अग्रवाल समाज समिति के संरक्षक देवेन्द्र अग्रवाल एवं चांदवासिया परिवार ने 11 लाख रुपये की सहयोग राशि प्रदान कर समाज के प्रति अपनी प्रतिबद्धता को एक बार फिर सिद्ध किया। वहीं अरोड़वंश सभा अध्यक्ष (जंक्शन) राजेन्द्र मदान (खेराती) परिवार ने भी 11 लाख रुपये का सहयोग देकर यह संदेश दिया कि सामाजिक कार्यों में उदारता और सहभागिता ही सच्ची पूंजी है। उपस्थित जनसमूह ने दोनों परिवारों के प्रयासों को अनुकरणीय बताते हुए मुक्त कंठ से सराहना की।

चांदवासिया परिवार की ओर से मनीराम चांदवासिया, जयकिशन अग्रवाल, कमल अग्रवाल, राजीव अग्रवाल, ललित अग्रवाल, अनिल अग्रवाल, डॉ. सुनील अग्रवाल, संदीप अग्रवाल, नवीन अग्रवाल, पवन अग्रवाल, हनुज अग्रवाल, निशान्त अग्रवाल, चेतन्य अग्रवाल, कोनार्क अग्रवाल, जैसिका अग्रवाल, यश अग्रवाल, दीपांशु अग्रवाल एवं गर्वित अग्रवाल सहित परिवारजनों की गरिमामयी उपस्थिति रही। वहीं मदान परिवार की ओर से सुनील मदान, मनीष मदान और अमित मदान कार्यक्रम में सक्रिय सहभागिता निभाते नजर आए।

प्रन्यास के संस्थापक एवं अध्यक्ष अश्विनी नारंग ने बताया कि शिव कल्याण भूमि केवल एक स्थान नहीं, बल्कि समाज की अनिवार्य आवश्यकता है, जहां अंतिम संस्कार जैसे संस्कार सम्मान और सुविधा के साथ संपन्न होते हैं। प्रवेश द्वार के निर्माण से न केवल स्थल का स्वरूप सुव्यवस्थित होगा, बल्कि शोकाकुल परिवारों को भी सुरक्षा और सुविधा मिलेगी। उन्होंने कहा कि यह द्वार ईंट-पत्थर की संरचना भर नहीं, बल्कि सेवा, संवेदना और सामाजिक जिम्मेदारी का प्रतीक बनेगा। कार्यक्रम के अंत में प्रन्यास की ओर से सभी भामाशाहों और सहयोगियों का पटका पहनाकर एवं स्मृति चिन्ह भेंट कर सम्मान किया गया।

इस अवसर पर भाजपा नेता अमित चौधरी, निवर्तमान सभापति सुमित रणवां, एसकेडी विश्वविद्यालय के संस्थापक बाबूलाल जुनेजा, प्राइवेट कॉलेज एसोसिएशन के प्रदेश उपाध्यक्ष तरुण विजय, अग्रवाल समाज समिति अध्यक्ष सुभाष बंसल, अग्रवाल महिला समिति अध्यक्ष मित्तली अग्रवाल, वरिष्ठ चिकित्सक डॉ. बीके चावला सहित अनेक गणमान्य नागरिक मौजूद रहे। कुल मिलाकर, यह आयोजन एक बार फिर यह साबित कर गया कि जब समाज के समर्थ हाथ आगे आते हैं, तो सेवा के रास्ते अपने आप बनते चले जाते हैं।



