






भटनेर पोस्ट ब्यूरो.
हनुमानगढ़ स्थित श्री खुशाल दास विश्वविद्यालय यानी एसकेडीयू के लता मंगेशकर ब्लॉक में सादुलशहर विधायक गुरवीर सिंह बराड का गर्मजोशी से अभिनंदन किया गया। यह अवसर केवल एक सम्मान समारोह नहीं था, बल्कि शिक्षा और समाज सेवा की साझा प्रतिबद्धता को भी रेखांकित करता दिखाई दिया। कार्यक्रम का आयोजन श्री गुरु गोबिंद सिंह चैरिटेबल ट्रस्ट की ओर से किया गया। ट्रस्ट के अध्यक्ष बाबूलाल जुनेजा, एसकेडीयू के मैनेजिंग डायरेक्टर दिनेश जुनेजा, तथा रिटायर्ड आईजी गिरीश चावला ने विधायक गुरवीर सिंह बराड और पूर्व विधायक धर्मेन्द्र मोची को बुक्के एवं स्मृति चिन्ह स्वरूप गुरु गोबिंद सिंह जी का चित्र भेंट कर सम्मानित किया।

विधायक गुरवीर सिंह बराड ने कहा, ‘श्री गुरु गोबिंद सिंह चैरिटेबल ट्रस्ट द्वारा आयोजित इस समारोह के माध्यम से आज पहली बार मुझे एसकेडीयू विश्वविद्यालय आने का अवसर मिला है। पूर्व में भी निमंत्रण मिला, लेकिन राजनीतिक व्यस्तताओं के चलते उपस्थित नहीं हो पाया। हनुमानगढ़ और श्रीगंगानगर जिले के विद्यार्थियों के लिए यह विश्वविद्यालय शिक्षा का वरदान साबित होगा। यहाँ से मिलने वाली गुणवत्तापरक शिक्षा से विद्यार्थी प्रगति के पथ पर आगे बढ़ेंगे और विश्वविद्यालय का नाम पूरे प्रदेश व देश में रोशन करेंगे।’

समारोह की अध्यक्षता करते हुए ट्रस्ट अध्यक्ष बाबूलाल जुनेजा ने विधायक बराड के प्रति आभार जताया और कहा, ‘आज का दिन हमारे लिए विशेष है। यह उनकी पहली विश्वविद्यालय यात्रा है। हमें विश्वास है कि अगली बार वे मंत्री के रूप में इस परिसर में पधारेंगे। हम उनके उज्ज्वल राजनीतिक भविष्य के लिए शुभकामनाएँ देते हैं।’

रिटायर्ड आईजी गिरीश चावला ने कहा, ‘संक्षिप्त किंतु भावनाओं से भरे इस कार्यक्रम में विधायक के आगमन ने हम सबको गौरवान्वित किया है। श्री गुरु गोबिंद सिंह चैरिटेबल ट्रस्ट द्वारा लगाए गए इस शिक्षा के वृक्ष की जड़ें गहरी होती जा रही हैं। वर्तमान में इस विश्वविद्यालय में लगभग 10,000 विद्यार्थी अध्ययनरत हैं और यहाँ के छात्रों ने अब तक 50 राष्ट्रीय व अंतरराष्ट्रीय स्तर के पदक अर्जित कर संस्था का मान बढ़ाया है। हमें विश्वास है कि भविष्य में भी यह विद्यार्थी वर्ग देश-दुनिया में नाम रोशन करेगा।’

इस अवसर पर बलदेव सिंह बराड, सरपंच जगतार सिंह, मुन्सुफ़ अली, पूर्व सरपंच बाले खां, नेहरी अध्यक्ष मोहमद रफी सहित विश्वविद्यालय परिवार से डॉ. रविन्द्र सिंह सुमल, डॉ. विक्रम औलख, शुभम शर्मा, प्रशासक संजीव शर्मा आदि मौजूद थे।
कार्यक्रम का मंच संचालन सुरेन्द्र अरोड़ा ने किया।




