February 26, 2026

नजरिया

नजरिया

डॉ. अर्चना गोदारा.इतना मुश्किल भी नहीं है, अपनों को गले लगाना। लगा कर तो देखिए बड़ा सुकून...
गोपाल झा.लोकतंत्र कोई सालाना उत्सव नहीं, यह रोज़ की ‘क्लास’ है, और सरकार, प्रशासन, जनप्रतिनिधि सब इसके...
डॉ. अर्चना गोदारा.अभी कुछ दिन पहले एक मैरिज पैलेस के सामने एक होल्डिंग लगा हुआ देखा। ‘फेक...
डॉ. अर्चना गोदारा.‘ज़रा-ज़रा बहकता है, महकता है’, यह गीत भले प्रेम की अनुभूति को व्यक्त करता हो,...
वेदव्यासभारत का संविधान ही 140 करोड़ देशवासियों की आत्मा है और डॉ. भीमराव अंबेडकर ही इसकी प्रस्तावना...
विवेक रंजन श्रीवास्तव.बेटियाँ अक्सर पिता की आँखों में अपने सपनों की पहली झलक देखती हैं। पर जब...